कागद राजस्थानी

रविवार, 28 अक्तूबर 2012

बात बात में बात

एक डेडर परवार कूऐ मेँ रैँ'वतो।
डेडर रै न्हानियै ऐकर हाथी देख्यो।
बापू नै बतायो-बापू,बापू !
हाथ पसार'र बोल्यो- म्हैँ इत्तो बड्डो जिनावर देख्यो।
डेडर बोल्यो,जा रै डोफा ! म्हां सूं बड्डो ई कदै'ई कोई होया करै!
 नीँ बापू,बो तो हो ! डेडर सरीर फुलायो'र बोल्यो-इत्तो ?
नां !
और फुला'र-इत्तो ?
नां !
टाबरियो मान्यो कोनीँ।
डेडरियो फूलतो-फूलतो फाटग्यो पण टाबरियै बात नीँ मानीँ !

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