कागद राजस्थानी

शुक्रवार, 21 जून 2013

भाषा बोलो आपरी

राजस्थानी हो ?
हो तो- 
राजस्थानी पढो !
राजस्थानी लिखो !
राजस्थानी दिखो !
ना आवै तो
राजस्थानी सीखो !
राजस्थानी बोलो !
संको क्यूं ?
आ आपणीं मायड़ भाषा है !


*
भाषा बोलो आपरी, छोडो मन री लाज ।
चालो चालां मांगबां ,खोस्यां बैठ्यो राज


कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...
इस गैज़ेट में एक गड़बड़ी थी.